धनिया व्यंजनों का सिरताज भी वैद्यराज भी, आयुर्वेद में धनिया के लाभ

Advertisement

सलाद हो अथवा पकी हुई सब्जी, चाट हो या पिफर पुदीने की चटनी हरी धनियाँ बुरकी हुई नहीं है तो सारे व्यंजन बेकार लगेंगे ऐसी है गुणकारी धनियाँ। चैके के अनिवार्य मसालों में धनियाँ ही ऐसी है जो हरी भी प्रयुक्त होती है सूखी भी, गर्म मसालों में यह पीसी हुई भी प्रयुक्त होती है सूखी पीसी हुई भी। ऐसा अनायास नहीं है धनियाँ के वैद्यक गुण ही ऐसे हैं जो भारतीय पाकशाला की कम्पाउण्डर्स हमारी माताएँ बहन अनिवार्य रूप से किसी खास तिथि त्यौहार के दिन नहीं अपितु प्रायः प्रतिदिन ही इसका घरों में अनिवार्य उपयोग होता है। ऐसा अनायास नहीं वरन् उसके अत्यधिक गुणों के कारण होता है।

संस्कृत में धनिया को धन्य, धन्याक, धनिक, छत्रा अथवा हृदयगंधा आदि नामों से पुकारा जाता है। वहीं बंगाली तथा मराठी में इसे ‘धने’ कहकर पुकारते हैं। गुजराती में धनिया का नाम ‘धणे’ है तमिल में इसे ‘कोनमल्लि’ तथा तेलगू में ‘कोथमिलु’ के नाम से जाना और प्रयोग किया जाता है। गुण दोष और प्रभाव की दृष्टि से इसे स्वादिष्ट, रूचिवर्धक, जठराग्नि को प्रदीप्त करने वाला, पाचक माना गया है जबकि स्वाद में हलका चरपरा कडुआ, पाचक, अग्नि प्रदीपक, रूचिकर कसैला किन्तु स्वादिष्ट होता है।

धनिये के गुण

Advertisement

इसके गुणों को देखते हुए ही इसे वैद्यराज की संज्ञा दी गई है। अर्थात् पेट की दाह, दुर्बलता, खांसी, श्वास, त्रिदोष, तृषा, ज्वरनाशक तथा पेट के कृमियों को नष्ट करने वाला बताया गया है। राज निघन्टु ने इसे कपफ नाशक भी बताया है। धनिये को कूटकर तथा पानी से उबाल और मोटे कपड़े से छान कर यदि जल को आँखों में टपकाया जाये तो उससे आँखों के अनेक रोग दूर हो जाते है। जलन तथा दुःखाव में भी बहुत लाभ मिलता है। आँखों से कीचड़ निकलना बंद हो जाता है पित्त उछलने पर हरे धनिये का रस बहुत लाभदायक होता है।

शरीर के किसी भाग में सूजन अथवा जलन हो तो धनिये का पाउडर सिरके में मिलाकर उस भाग में लगाने से बड़ा लाभ मिलता है। ज्वर में धनिया का पानी तथा पेट में अपफरा हो तो धनिया का तेल एक रामबाण औषधि का काम करती है। इसके पत्तों को पीसकर नाम में टपकाने तथा सिर में लेप करने से नकसीर पफूटना बंद हो जाता है। कहा जाता है कि जिस महिला की गोद में बच्ची हो उसका कुछ बूंध दूध लेकर धनिये के रस में मिलाकर आँखों में डाले तो आँखों का कठिन से कठिन दर्द भी बहुत जल्दी ठीक हो जाता है।

यदि किसी को खासी में खून आता हो तो धनिये के रस के साथ बारतुंग का रस मिलाकर पिलाया जाये तो खून आना शीघ्र बंद हो जाता है। साठ तथा धनिया पीसकर समान मात्रा में मिलाकर दिया जाये तो मलेरिया के बीमार को लाभ मिलता है। इसी प्रकार काली मिर्च, पिसा जीरा तथा काला नमक हरे धनिया के रस में मिलाकर सेवन किया जाये तो कैसी भी कब्ज में असाधारण लाभ मिलता है। जिन्हें नींद न आती हो वे धनिया तथा मिश्री के चूर्ण की लस्सी बनाकर पियें गहरी और थकावट दूर करने वाली बढ़िया नींद आयेंगी।

Advertisement

इसी तरह पेशाब सम्बंधी बीमारियों में धनियाँ और आँवला शाम को भिगोकर प्रातःकाल पीस कर शर्बत बनाकर पियें तो मूत्राशय की सभी बीमारियों में असाधारण लाभ मिलता है। पेट में कैसे भी कीड़े हो धनिये का रस पीने से दूर हो जाते हैं। प्याज और लहसुन लेने से मुँह की दुर्गन्ध से बचना हो धनियां चबाना चाहिए। धनिये के काढ़े में मिश्री तथा चावल का पानी मिलाकर पिलाने से गर्भवती माताओं को गर्भकाल में उल्टियों से मुक्ति मिल जाती है। 5 ग्राम पीसा धनियाँ, 10 ग्राम चीनी में मिलाकर लेने से जोड़ो के दर्द में अतीव आराम मिलता है। इसी तरह धनिये के बीच चबाने से गले का दर्द दूर हो जाता है।

आखिर धनियाँ कोई सामान्य मसाला तो नहीं है अन्यथा हमारे पूर्वजों ने इसे भोजनालय की महारानी और गुरूदेव ने इसे मशाला वाटिका का महत्वपूर्ण घटक नहीं बनाया होता?

Advertisement

Recent Posts

आयुर्वेद में नींबू के फायदे और इसका महत्व

भले ही बात अतिश्योक्ति में कही गई हो पर नींबू के बारे में एक किंवदन्ती…

5 days ago

महाभारत के महान योद्धा अश्वत्थामा, जो आज भी जीवित है

अश्वत्थामा, जिनको द्रोणी भी कहा जाता है, क्यूंकि वे गुरु द्रोण के पुत्र थे। वह…

2 weeks ago

मुक्त, स्वच्छन्द परिहास व मौज मस्ती की त्रिवेणी ‘होली’

जितने अधिक पर्वों-त्यौहारों का प्रचलन हमारे भारतवर्ष देश में है उतना सम्भवतः संसार के किसी…

2 weeks ago

मुग़ल साम्राज्य की घोर निष्फलता और उसके कारण

यह विश्वास किया जाता है कि भारत की आर्य सभ्यता के अत्यंत प्रसाद का पहला…

3 weeks ago

शाहजहाँ की क्रूर संतान औरंगजेब, जिसने अपने भाई दारा शिकोह को भी मार दिया

जिस पड़ाव पर हम पहुँच गये हैं, कहाँ शाहजहाँ का अकेला रास्ता समाप्त होता है…

3 weeks ago

दक्षिण की चट्टान : जिसे कोई कायर मुग़ल न जीत सका

सदियों तक भारत में इस्लामी राज्य का तूफान दक्षिण की चट्टान से टकराकर उत्तरी भारत…

1 month ago

This website uses cookies.